Pakistan Most Dangerous Country: पाकिस्तान दुनिया के सबसे खतरनाक देशों में से एक है। यह बात हम नहीं कह रहे। ये अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन के उस बयान का हिस्सा है जो उन्होंने डेमोक्रेटिक कांग्रेस अभियान समिति के स्वागत समारोह के दौरान दिया है। जो बाइडेन यहां पर रूस और चीन के आक्रामक रुख को लेकर बोल रहे थे इस दौरान उन्होंने पाकिस्तान के परमाणु कार्यक्रम का जिक्र करते हुए उसे दुनिया का सबसे खतरनाक देश कहा। बाइडेन के बयान के बाद अब पाकिस्तान में बवाल मचा हुआ है। बाइडेन ने ये बयान यूं ही नहीं दिया है। पाकिस्तान में जिस तरह से राज्य के संरक्षण में आतंकवादियों को पाला जाता रहा है उससे यह वाकई ऐसे देशों में नंबर वन ठहरेगा।
क्या कहा जो बाइडेन ने पाकिस्तान दुनिया का सबसे खतरनाक देश कैसे है इस पर हम चर्चा जरूर करेंगे लेकिन उसके पहले हम जो बाइडेन का वो बयान बताते हैं जिसने पाकिस्तान की कलई खोल दी है। बाइडेन ने कहा क्या किसी ने सोचा था कि हम ऐसी स्थिति में होंगे जहां चीन रूस, भारत और पाकिस्तान के सापेक्ष अपनी भूमिका का पता लगाने की कोशिश कर रहा है।
“हम इसे कैसे संभालते हैं?
रूस में जो हो रहा है उसके सापेक्ष हम इसे कैसे संभालेंगे? और जो मैं समझता हूं वह दुनिया के सबसे खतरनाक देशों में एक है- पाकिस्तान। क्योंकि इसके पास बिना किसी सामंजस्य के परमाणु हथियार हैं।” ये थे दुनिया के सबसे ताकतवर देश के राष्ट्राध्यक्ष के शब्द, जो उन्होंने दुनिया के सबसे खतरनाक देश के बारे में कहे।
यूं ही नहीं कहा जाता पाकिस्तान को सबसे खतरनाक देश
वैसे ये पहली बार नहीं है जब अमेरिकी लीडरशिप ने पाकिस्तान को सबसे खतरनाक देश कहा है। साल 2019 में अमेरिका के पूर्व रक्षा मंत्री जेम्स मैटिस ने कहा था कि वह पाकिस्तान को सबसे खतरनाक मानते हैं। अमेरिकी सेना में लंबे समय तक सेवा देने वाले मैटिस डोनाल्ड ट्रंप कैबिनेट में मंत्री रहे थे। उन्होंने पाकिस्तानी समाज में बढ़ते कट्टरपंथ और इसके परमाणु हथियार को इसकी वजह बताया था। अमेरिका जो बात आज कह रहा है भारत दशकों से ये बात कहता रहा है और वैश्विक मंचों पर पाकिस्तान के आतंक की फैक्ट्री को बेनकाब किया है। पाकिस्तान को आतंकियों की सबसे सुरक्षित पनाहगाह कहा जाता रहा है। एक नजर उन मोस्ट वांटेंड आतंकियों के बारे में जिन्हें पाकिस्तान में पनाह मिली।
ओसामा बिन लादेन
जिन आतंकियों ने दुनिया में आतंक मचाया उनमें सबसे टॉप नाम ओसामा बिन लादेन का है। 11 सितम्बर 2001 को अमेरिका की शान कहे जाने वाले न्यूयॉर्क स्थित वर्ल्ड ट्रेंड सेंटर पर हुए हमले में 3000 से अधिक अमेरिकी नागरिक मारे गए थे। इससे पूरा अमेरिका हिल गया था। उस समय ओसामा बिन लादेन अफगानिस्तान में तालिबान के सरपरस्ती में रह रहा था। अमेरिका ने लादेन को पकड़ने के लिए अफगानिस्तान पर हमला किया लेकिन वह वहां से भागकर अफगानिस्तान पहुंच गया। खास बात ये थी कि उस समय अफगानिस्तान में चल रहे अभियान में पाकिस्तान अमेरिका की मदद कर रहा था। इस दौरान लादेन पाकिस्तान में सेना की छावनी के पास ही आराम से रह रहा था लेकिन पाकिस्तान ने कभी भी इसे स्वीकार नहीं किया। साल 2011 की 2 मई को अमेरिकी सील कमांडों ने एक अभियान में उसे मार गिराया तो पाकिस्तान की पूरी दुनिया में फजीहत हुई।
मुल्ला मुहम्मद उमर
तालिबान का संस्थापक और 9/11 हमले के समय संगठन का प्रमुख मुल्ला मुहम्मद उमर दूसरा सबसे प्रमुख नाम है जिसके लिए पाकिस्तान दूसरे घर की तरह था। वैसे ये कहना सही होगा कि मुल्ला मुहम्मद उमर को पाकिस्तान ने ही तैयार किया था। पाकिस्तान आर्मी की सरपरस्ती में ही उसकी ट्रेनिंग हुई और उसे अफगानिस्तान में भेजा गया था। बाद में तालिबान ने जब अफगानिस्तान के संघर्ष में जीत हासिल कर सत्ता पर कब्जा कर लिया। अमेरिकी हमले के समय मुल्ला उमर एक बार फिर भागकर पाकिस्तान पहुंच गया। अमेरिकी अभियान के समय सिर्फ मुल्ला उमर ही नहीं तालिबान की टॉप लीडरशिप पूरी की पूरी पाकिस्तान के क्वेटा में ही रहने लगी थी। यही वजह है कि तालिबान की शूरा (सर्वोच्च काउंसिल) को क्वेटा शूरा के नाम से भी बुलाया जाने लगा क्योंकि इसकी सारी बैठकें बलूचिस्तान के क्वेटा में ही होने लगी थीं।
मसूद अजहर
भारत के कश्मीर में आतंकी हमलों को अंजाम देने में जिन संगठनों का नाम सबसे ज्यादा आता है जैश-ए-मोहम्मद उनमें से ही है। इसके प्रमुख मसूद अजहर को संयुक्त राष्ट्र की सुरक्षा परिषद ने वैश्विक आतंकी घोषित किया है। मसूद अजहर ने कश्मीर के पुलवामा में हुए आतंकी हमले की जिम्मेदारी ली थी। मसूद अजहर ही वह आतंकी है जिसके लिए आतंकियों ने 1999 में एयर इंडिया की फ्लाइट का हाईजैक कर लिया था। इसे अफगानिस्तान के काबुल ले जाया गया जहां तालिबान का शासन था। बाद में भारत सरकार ने प्लेन में सवार नागरिकों को सुरक्षित छोड़ने के बदले मसूद अजहर को रिहा किया था। इसके बाद से मसूद अजहर पाकिस्तान में रह रहा है और वहीं से सारे आपरेशन को अंजाम देता है।
हाफिज सईद
भारत में सबसे आतंक फैलाने वाले कुख्यात आतंकियों की लिस्ट में एक अन्य नाम हाफिज सईद का है। यह लश्कर-ए-तैयबा का संस्थापक रहा है। भारत को हिला देने वाले मुंबई टेरर अटैक का मास्टर माइंड यही रहा है। भारत सरकार ने इसके खिलाफ पाकिस्तान को सबूत भी सौंपे जिसके बाद पाकिस्तान ने दिखावे के लिए इसे गिरफ्तार भी किया लेकिन बार-बार यह छूटकर बाहर आ जाता है। भारत इसे सौंपने की मांग कर चुका है लेकिन पाकिस्तान मुकरता रहा है। वर्तमान में यह खूंखार और शातिर दिमाग आतंकी जमात-उद-दावा नामक संगठन से जुड़ा हुआ है।
दाउद इब्राहिम
अगर कोई भारत का दुश्मन है तो पाकिस्तान उसके लिए पलकें बिछाए रहता है। फिर जब भारत के सबसे दुश्मन दाउद इब्राहिम की हो तो पाकिस्तान भला कहां पीछे रहने वाला है। 1993 के मुंबई बम धमाकों का मास्टरमाइंड पाकिस्तान में छिपा हुआ है। भारत ने दाउद के ठिकाने समेत उसके वहां होने के पुख्ता सबूत पाकिस्तान को सौंपे हैं लेकिन पाकिस्तान दाउद के होने से इनकार करता रहा है। दाउद के पाकिस्तान में होने की पुष्टि संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद भी कर चुकी है। परिषद ने बताया है कि दाउद के लिए पाकिस्तान ने कई पासपोर्ट जारी किए हैं। फिलहाल वह कराची के बेहद ही सुरक्षित इलाके में आलीशान बंगले में रह रहा है। उसकी सुरक्षा में पाकिस्तानी एजेंसियां लगी रहती हैं।