दिल्ली। शुक्रवार को मुंडका मेट्रो स्टेशन के पास तीन मंजिला कॉमर्शियल बिल्डिंग में आग लग गई। हादसे में 27 लोगों की जलकर मौत हो गई। इनमें से सिर्फ 7 लोगों की पहचान हो पाई है। बाकी 20 मृतकों की पहचान DNA टेस्ट से होगी।
इमारत में आग अभी भी धधक रही है। पहली मंजिल पर धुएं से दम घुट रहा है, दीवारों से खौलता पानी रिस रहा है और लोहे के दरवाजे चूल्हे पर चढ़े तवे से भी ज्यादा गर्म हैं। फ्लोर पर फैली तपिश शरीर के अंदर तक महसूस हो रही है। चारों तरफ राख के ढेर हैं और ढेर से धुआं उठ रहा है। फ्लोर के कोने में अभी भी आग सुलग रही है।’
13 मई को शाम करीब 4.30 बजे बिल्डिंग में आग लगना शुरू हुई और जल्द ही आग ने पूरी इमारत को गिरफ्त में ले लिया। रात 10 बजे के बाद ही आग पर काबू पाया जा सकता है। दैनिक भास्कर की टीम रात 3.30 बजे उसी चार मंजिला इमारत में दाखिल हुई।
मेन गेट इतना संकरा कि एक ही व्यक्ति निकल पाए
बिल्डिंग का मुख्य दरवाजा दाईं ओर की गली से होकर जाता है। मेन गेट की एंट्री इतनी संकरी है कि एक बार में एक ही व्यक्ति या तो अंदर जा सकता है या बाहर आ सकता है। जब हम बिल्डिंग में अंदर दाखिल हो रहे थे तो चारों तरफ कांच ही कांच बिखरा पड़ा था। मेन गेट के अंदर घुसते हुए ही दाईं तरफ लिफ्ट थी और सामने सीढ़ियां जो ऊपर के फ्लोर की तरफ जा रही थीं। सीढ़ियों की चौड़ाई करीब 3 फुट ही है।